बदलना आता नहीं हमें मौसम की तरह,
हर इक रुत में तेरा इंतज़ार करते हैं,
ना तुम समझ सकोगे जिसे क़यामत तक,
कसम तुम्हारी तुम्हें इतना प्यार करते हैं।
छुपा लूं तुझको अपनी बाँहों में इस तरह,
कि हवा भी गुजरने की इजाज़त मांगे,
मदहोश हो जाऊं तेरे प्यार में इस तरह,
कि होश भी आने की इजाज़त मांगे।
कौन कहता है
सिर्फ नफरतों में ही दर्द है
कभी कभी बेपनाह मोहब्बत भी
बहुत दर्द देती है..
Mohabbat meri bhi bahut asar
karti hai.
Yaad aayenge bahut jara bhul
ke dekho.
एक तुम ही थे जो मिल ना सकेवरनामिलने वाले तो बिछड़ बिछड़ के मिले....
सपनों की मंज़िल पास नहीं होती,ज़िंदगी हर पल उदास नहीं होती,ख़ुदा पे यकीन रखना मेरे दोस्त,कभी-कभी वो भी मिल जाता है जिसकी आस नही होती..