अक्सर औकात की बात वही किया करते है,
जो कायर हमेशा झुंड में चला करते हैं
अपनी सांसो में महकता पाया है तुझे,
हर ख्वाब में बुलाया है तुझे,
क्यों न याद करे तुझको जब खुदा ने
हमारे लिए बनाया है तुझे...
“अपनों को याद करना प्यार हैं,
गैरों का साथ देना संस्कार हैं,
दुश्मनो को माफ करना उपकार हैं,
और आप जैसे दोस्तों को परेसान करना जन्मसिद्ध अधिकार हैं.”
इस नये साल मे खुशियों की बरसाते हो,प्यार के दिन और मोहब्बत भरी राते हो,रंजिशे नफ़रते मिट जाए सदा के लिए,सभी के दिलो में ऐसी चाहतें हो!!
बातो बातो मैं दिल ले जाते हो,देखते हो इस तरह जान ले जाते हो,अदाओ से अपनी इस दिल को धरकाते हो,लेकर बाहों मै – सारा जहाँ भुलाते हो.