आँसू नहीं हैं आँख में लेकिन तेरे बगैर,तूफान छुपे हुए हैं दिले-बेकरार में।
आँसू नहीं हैं आँख में लेकिन तेरे बगैर,
तूफान छुपे हुए हैं दिले-बेकरार में।
तुम रोक ना सकोगे वो तूफ़ान बनकर आएगा,आज का युवा हर समस्या का हल लाएगा।
तुम रोक ना सकोगे वो तूफ़ान बनकर आएगा,
आज का युवा हर समस्या का हल लाएगा।
फूलों की तरह महकते रहो,सितारों की तरह चमकते रहो,किस्मत से मिली है ये ज़िंदगी,खुद भी हंसो और औरों को भी हंसाते रहो..शुभ रात्रि।।
शुभ रात्रि।।
हमारी राहों में रुकावट बनाने वालों
खुद की मंजिल हुई गवा बैठोगे