कागज की कस्ती बना कर,
बहा देते है, ना जाने कौन सी मंजिल
के लिए, समंदर में छोड़ देते है,
तुम जलते रहोगे आग की तरह
और हम खिलते रहेंगे गुलाब की तरह
जागना और जगा के सो जाना
रात को दिन बना के सो जाना
Text करना तमाम रात उसको,
उंगलियों को दबा के सो जाना
मैंने बोला था याद मत आना
झूठ बोला था, याद आओ मुझे
Good Night Shayari
ये क्या कि सब से बयाँ दिल की हालतें करनी
'फ़राज़' तुझ को न आईं मोहब्बतें करनी
मुझे आदत नहीं
यूँ हर किसी पे मर मिटने की
पर तुझे देखकर दिल ने
सोचने तक की मोहलत ना दी