कुछ “इकठ्ठा” भी उन्हीं के पास होता है जो “बाँटना” जानते हैं …
फिर चाहे “भोजन हो या प्यार” हो या फिर “सम्मान” …
Good Night
खिड़कियाँ कमरों की थोड़ी खोलते क्यों नहीं,
बहते मंद समीर से थोड़ा मिलते क्यों नहीं l
नई सुबह में नई बात सोचों,
नए विचारों के साथ खुद से मिलते क्यों नहीं l
शुभ प्रभात
"उसकी अहसासों की शौल ओढ़ जब लेता हूँ,उसी साँसो की गर्माहट में जुदाई काट लेता हूँ,यादों ने उनके,साथ मुझसे जोड़ा है कुछ ऐसा,मुस्कुराते हुए, तन्हाई काट लेता हूँ l"
सुबह का उजाला सदा आपके साथ हो,
हर दिन हर पल आपके लिए खास हो,
दिल से दुआ निकलती है आपके लिए,
सारी खुशियां आपके पास हो..!!
ज़िन्दगी की हर शाम तेरे लिए
ये महफ़िल ये शहर ये नाम तेरे लिए
तू मुस्कुराती रहे हमेशा तारो की तरह
हर सुबह बस यही मेरा पैगाम तेरे लिए
Good Morning Dear