कितनी खुबसूरत सी
लगने लगती हे जिंदगी
जब कोई तुम्हारे पास आके
घुटनो के बल बैठे के तुमसे पूछे
Will u be my Valentine
दिल दिया था जिसको दीवानी समझ कर,खा गयी वो ब्रियानी समझ कर,एक कतरा भी ना छोड़ा खून का,पी गयी उसको भी निम्बू पानी समझ कर ||
Dil Ki Dhadkno Ko Ek Lamha Sabar Nahi,
Shayad Ki Usko Ab Meri Kadar Nahi ,
Har Safar Mein Mera Kabhi Humsafar Tha Wo,
Ab Safar To Hai Magar Wo Humsafar Nahi.
अब तू नहीं है दुनिया में,
हु अकेला वही खड़ा,
तू मुमताज़ तो बन गयी
मै रह गया निचे पड़ा!
गुलाब को भी कमल बना देते,
उसकी एक अदा पे कई ग़ज़ल बना देते…
कम्भख्त मरती नहीं मुझ पर लडकियां,
वरना लखनऊ में भी ताजमहल बना देते…
Najroon Kii Juban Wo Samajh Nahii Paate..,
Honth Hamaare Kuch Keh Nahii Paate .
Dil Apni Majboorii Bataayee Kese.
Koi Hy Jin Kee Binaa Hum Reh Nahii Paate…