मुझे खामोश राहों मै तेरा साथ चाहिए
तन्हा है मेरा हाथ तेरा हाथ चाहिए
जूनून-ए -इश्क को तेरी ही सौगात चाहिए
मुझे जीने के लिए तेरा ही प्यार चाहिए
Kaanton Se Nibana Aadath Si Ho Gayi Hai,
Yeh Gham Sehne Ki Ab Aadat Si Ho Gayi Hai,
Phoolon Se Darr Lagtha Hai Humme,
Yaadon Mein Bhatakne Ki Aadath Si Ho Gayi Hai…!!!
आँख से दूर न हो दिल से उतर जाएगा
वक़्त का क्या है गुज़रता है गुज़र जाएगा
Ho Jaun Itna Madhosh Tere Pyar Mai
Ke Hosh Bhi Aane Ki Ijaazat Maange..
कौन याद रखता हैं गुजरे हुए वक़्त के साथी कोलोग तो दो दिन में नाम तक भुला देते हैं |