तैरना तो आता था हमें लेकिन जब उसने हाथ नहीं पकड़ा तो डूब जाना बेहतर लगा 180
हाथ नहीं पकड़ा तो डूब जाना बेहतर लगा
"काश! कोई इस रात की सहर रोक लेता,आज फिर मुझे कोई घर रोक लेता l"
तुम भी बदल गये,
हम भी बदल गये,
तब जाके ये ज़माना बदला..
दिल सपनो से houseful है,
पूरे होंगे वो doubtful है,
इस दुनिया में हर चीज़ wonderful है,
पर ज़िन्दगी आप जैसे लोगों से ही colorful है।