लोग हमारे बारे में क्या सोचते है?अगर ये भी हम सोचेंगे तो फिर लोग क्या सोचेंगे?
घर बड़ा हो या छोटा अगर मिठास ना हो तो इंसान तो क्या चीटियां भी नहीं आती|
उदास रहता है मोहल्ले में बारिश का पानी आजकलसुना है कागज की नाव बनाने वाले बड़े हो गए..
जिंदगी में सब लोग दोस्त या रिश्तेदार बनकर ही नहीं आते कुछ लोग सबक बनकर भी आते है|