ऐटिटूड उन्हें दिखाती हूँजिन्हे तमीज समझ नहीं आती
जिन्हे तमीज समझ नहीं आती
किरदार और भी थे कई दास्तान-ए-ज़िन्दगी में,
सिर्फ तुम ही बने मोहब्बत ये बात कुछ और है!
मुद्दत से एक रात भी अपनी नहीं हुई
हर शाम कोई आया उठा ले गया मुझे.
वक़्त बदलता है हालात बदल जाते हैं,
ये सब देख कर जज़्बात बदल जाते हैं
कुछ तो धड़कता है ,रूक रूक कर मेरे सीने में ..
अब खुदा ही जाने, तेरी याद है या मेरा दिल......
आप से मिलने का मन कर रहा है,मन को समझाया तो दिल कह रहा है,दिल को बताया तो आँखे रो पड़ी,उन्हे चुप कर दिया तो, साँसे बोल पड़ी,Happy New Year My Dear!!