"अपने दिल से,एक झूठ रोज बोल देता हूँ,मोह्हबत नहीं है तुमसे, ये सोच लेता हूँ,डर है राज खुलते, तुम ख़फ़ा ना हो जाओ,जितनी हो बहुत हो, ये किस्मत मान लेता हूँ l
सुबह है नयी.. नया है सवेरा,
सूरज की किरण और हवाओं का बसेरा,
खुले आसमान मे “सूरज” का चेहरा,
मुबारक हो आपको ये हसीन सवेरा..!!
सुबह को सताना अच्छा लगता है,
सोये हुए को जगाना अच्छा लगता है,
जब याद आती है किसी की तो,
उसे भी अपनी याद दिलाना अच्छा लगता है..!