राहत और चाहत में बस फ़र्क है इतना..
राहत बस तुमसे है और चाहत बस तुम्हारी..
तेरे गम को अपनी रूह में उतार लूँ,जिन्दगी तेरी चाहत में सवार लूँ,मुलाकात हो तुझ से कुछ इस तरह,तमाम उमर बस इक मुलाकात में गुजार लूँ।
फूल खिलते रहे आपकी जिंदगी की राह में,
खुशी चमकती रहे आपकी पनाह में,
हर कदम में मिले खुशी की खुमार आपको,
ये ख़ास देता है नए साल की शुभकामनाएँ आपको.
HAPPY NEW YEAR 2021
“तारीख हज़ार साल में बस इतनी सी बदली है,…
तब दौर पत्थर का था अब लोग पत्थर के हैं”….
तुझे चाहा रब से भी ज्यादा फिर भी ना तुझे पा सकेरहे तेरे दिल में मगर तेरी धडकन तक ना जा सकेजुड़के भी तुटी रहि ईश्क कि डोर वेकिस्मत के मारे असी कि करीये किस्मत पे किसका जोर