तोड़ दो ना वो कसम जो तुमने खाई है,
कभी कभी याद कर लेने में क्या बुराई है!
वो जो मरने पे तुला है,उसने जी कर भी तो देखा होगा ।
जिनके लिए हम लिखते है ,अक्सर , उनको ही हम कुछ लिख नहीं पाते !!
ऐसा नही की आपकी याद आती नही,ख़ता सिर्फ़ इतनी है के हम बताते नही!