प्यार का तराना उपहार हो
खुशियों का नजराना बेशुमार हो
ना रहे कोई गम का एहसास
ऐसा नवरात्री उत्सव का साल हो |
जय माँ दुर्गा |
चलो आज खामोश प्यार को इक नाम दे दें,अपनी मुहब्बत को इक प्यारा अंज़ाम दे देंइससे पहले कहीं रूठ न जाएँ मौसम अपनेधड़कते हुए अरमानों एक सुरमई शाम दे दें !
सदा दूर रहो ग़म की परछाइयों से,
सामना ना हो कभी तन्हाइयों से,
हर अरमान हर ख़्वाब पूरा हो आपका,
यही दुआ है दिल की गहराइयों से।
Bhar loon tujh bahon mein
Tujh per chada rang khud pe chada loon,
Ho ke teri aaj mein Sanam
Rango ki tarha apni duniya ko rangeen bana loon.
तारे और इंसान में कोई फर्क नहीं होता,दोनो ही किसी की ख़ुशी के लिऐ खुद को तोड़ लेते हैं।