परिंदो को मिलेगी मंज़िल एक दिन,ये फैले हुए उनके पर बोलते है,और वही लोग रहते है खामोश अक्सर,ज़माने में जिनके हुनर बोलते है 😌😌😌
परिंदो को मिलेगी मंज़िल एक दिन,
ये फैले हुए उनके पर बोलते है,
और वही लोग रहते है खामोश अक्सर,
ज़माने में जिनके हुनर बोलते है 😌😌😌
Dekhi hotho ki hasi zakham na dekhe dil ka,
aap bhi oron ki tarha kha gae dhokha keishe!
उसके इकरार का इंतजार है मुझे
जाने क्यूँ उससे इतना प्यार है मुझे
ऐ खुदा कब आएगा वो हसीन पल
जब वो खुद कहेगी जान तुमसे प्यार है मुझे
एक छुपी हुई पहचान रखता हूँ,
बाहर शांत हूँ, अंदर तूफान रखता हूँ,
रख के तराजू में अपने दोस्त की खुशियाँ,
दूसरे पलड़े में मैं अपनी जान रखता हूँ।
Labo se tut gaye guftagu ke sab rishte
wo dekhta hei to bas dekhta hi rahta hei..