इस नागपंचमी हम सब आस्तीनों के सापो को दूध न पीला उन्हें कुचलने का प्राण ले |
शुभ नागपंचमी
सपने तो मेरे थे पर उनको पूरा करने का रास्ता
कोई और दिखाए जा रहा था और वो थे मेरे पापा….
हमसफ़र खूबसूरत नहीं
बल्कि सच्चा होना चाहिए
यकीन और दुआ नज़र नहीं आते मगर,
नामुमकिन को मुमकिन बना देते हैं।
Hum toh fanaah ho gaye uski ankhen dekh kar Ghalib,Na jane woh Aaina kaise dekhte honge.