“ध्यान का बीज बोएं और
मन की शांति का फल पाएं।”
इंसान हर घर में जन्म लेता है
लेकिन इंसानियत कहीं कहीं ही जन्म लेती है
पूरे संसार में ईश्वर ने
केवल इंसान को ही मुस्कुराने का गुण दिया है
इस गुण को खोइए मत
जिनका कद ऊँचा होता है
वो दूसरों से झुक कर ही बात करते हैं
किस लोभ से “किसान” आज भी, लेते नही विश्राम हैं,
घनघोर वर्षा में भी करते निरंतर काम हैं
शिक्षा के प्रति प्रत्येक किसान को जागरूक होना चाहिए तभी उनका जीवन बेहतर हो सकता हैं.