इश्क की शुरुआत निगाहों से होती है
सजा की शुरुआत गुनाहों से होती है
कहते हैं इश्क भी एक गुनाह है
जिसकी शुरुआत दो बेगुनाहों से होती है
कैसे एक लफ्ज़ में बयां कर दूँ
दिल को किस बात ने उदास किया
रोज़ इक ताज़ा शेऱ कहां तक लिखूं तेरे लिए,
तुझमें तो रोज़ ही एक नयी बात हुआ करती है…
वो कौन सी चीज है,
जो हमेशा आपकी ही रहेगी
आपकी बीवी की नहीं हो सकती..?
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गलती..!!!
कितने मूर्ख हैं
हम भगवान के बनाए फलों को भगवान को ही अर्पण करके धन दौलत माँगने लगते हैं