बेकाबू हो जाती है उस वक्त धड़कन मेरी,
जब तुम आहिस्ता आहिस्ता मेरे करीब आते हो!
छुप गए वो साज़-ए-हस्ती छेड़ कर
अब तो बस आवाज़ ही आवाज़ है
गुस्सा करूँ तुम पर कभी कभी मैं भी सोचता हूँ, पर इसको समझने का प्यार तुझमे नहीं सोचकर ये हँसता हूँ। 🤗😫
गुस्सा करूँ तुम पर कभी कभी मैं भी सोचता हूँ,
पर इसको समझने का प्यार तुझमे नहीं सोचकर ये हँसता हूँ। 🤗😫
ये जो मैं हूँ.. कुछ नहीं हूँ.. बस तेरी नज़र का कमाल है lमैं कब सच्चा हूँ, कब झूठा हूँ.. ये मेरे लिए भी सवाल है l
किसानो के चेहरे पर जो झुर्रियाँ है,
वही भारत के तरक्की की सुर्खियाँ है.
फूलों की तरह खिलते रहो,
सूरज की तरह चमकते रहो,
और सारा दिन आप हँसते रहो..!