इतना प्यार तो
मैंने खुद से भी नहीं किया
जितना मुझे
तुमसे हो गया है
धूप भी खुल के कुछ नहीं कहती ,
रात ढलती नहीं थम जाती है.
सर्द मौसम की एक दिक्कत है ,
याद तक जम के बैठ जाती है....
कोई कहे इससे जादू की झप्पी,
कोई कहे इसे प्यार…
मौका है खूबसूरत,आ गले लग जा मेरे यार |
मन ही मन करती haiबातें,
Dil ki हर एक बात कह जाती हूँ,
एक बार ले लो बाहों मै अब तो सजना,यहीं हर बात कहते कहते रुक जाती हूँ |
ठोकर खा कर भी अगर ना संभले तो मुसाफ़िर का नसीब...वरना राहों के पत्थर तो....अपना फ़र्ज़ अदा करते ही हैं.....