हर खामोशी का मतलब इंकार नहीं होता,हर नाकयाबि का मतलब हार नही होता,तो क्या हुआ अगर तुम्हें हम पा ना सके,सिर्फ पाने का मतलब प्यार नहीं होता,
हर खामोशी का मतलब इंकार नहीं होता,
हर नाकयाबि का मतलब हार नही होता,
तो क्या हुआ अगर तुम्हें हम पा ना सके,
सिर्फ पाने का मतलब प्यार नहीं होता,
कुछ उसे भी दूरियाँ पसंद थीं ,
और कुछ मैंने भी वक़्त मांगना छोड़ दिया !
“दर्द को दर्द से न देखो,
दर्द को भी दर्द होता है,
दर्द को ज़रूरत है दोस्त की,
आखिर दोस्त ही दर्द में हमदर्द होता है”
Hasai to hasi lav,
Radai to radi lav,
Sangraam chhe jindagi,
Ladai to ladi lav.
मजबूती से बाहों में,
इस कदर थाम लूं तुझे…
की मेरे इश्क़ की कैद सेतू चाहकर भी ना छुड़ सकें…❤️