तुझे याद करना न करना अब मेरे बस में कहाँ,
दिल को आदत है हर धड़कन💓,
पे तेरा नाम लेने की…!!
मिलो तो बताये हाले दिल आपसे ,खुद से ही बातें कर वक़्त गुजारते है lकई बार जाग-जाग नींद से ,तेरा नाम पुकारते है l
हाल तेरा हर वक़्त पूछ नहीं पाता,ये ना समझना की याद नहीं आता lहर पहर कुछ नहीं बदलता,ये आदत है मेरी, इस पर बस मेरा नहीं चलता
ख़फ़ा हो, गुस्सा हो और नाराज़ भी होचलो ! कोई बात नहीं,गलती मेरी है मना लूँगा lचली भी गई ग़र जो मुझे छोड़कर,ये वादा है बेवफा का इल्ज़ाम ना दूँगा l
न सोचा मैंने आगे,
क्या होगा मेरा हशर,
तुझसे बिछड़ने का था,
मातम जैसा मंज़र!