एक आँसूं कोरे कागज़ पर गिरा,
वो अधूरा ख़त पूरा हो गया!
जाने कब आपकी आँखों से इजहार होगा,आपके दिल में हमारे लिए प्यार होगा,गुजर रही है ये रात आपकी याद में,कभी तो आपको भी हमारा इंतज़ार होगा।शुभरात्रि
कोई तुमसे सीखे.....मौजूद रहना मुझ में !!
इस बार भूले हो तुम भी कुछ,
याद दिलाऊंगा तुम्हें वो एक दिन l
तुम्हारी हर शिकायत का जबाब,
तुम्हारा भूलना होगा एक दिन l