" फर्क ये है कि मैं आँखों में काजल नहीं लगाता,शायद इसलिए मैं आँखों से झूठ नहीं बोल पाता l"
"एक बटन के फासले पे ज़िंदगी थी,किसी से पहले पर दबाया ना गया lमिट जाते सारे दिलों के फासले 'जाना',इश्क़ में अहं को भुलाया ना गया l"
उसकी कश्ती डूब गयी समंदर में कहीं,माँझी जो बच गया बदनाम सारे जहाँ में हो गया...!
जिनके लिए हम लिखते है ,अक्सर , उनको ही हम कुछ लिख नहीं पाते !!
"तुमसे हुई बातें,मैं दोबारा खुद से कर जाता हूँ,फिर वही बात मैं कागज़ पे लिख जाता हूँ l"
आज आपकी रात की अच्छी शुरुआत हो,
रात भर खूबसूरत सपनो की बरसात हो,
जिन्हें आपकी निगाहे हर वक्त ढूंढती रहती हैं,
खुदा करे आपसे उनकी सपनो में मुलाकात हो।