सच्ची है मेरी दोस्ती आजमा के देख लो,
करके यकीं मुझ पे मेरे पास आ के देख लो,
बदलता नहीं कभी सोना अपना रंग,
जितनी बार चाहे आग लगा कर देख लो !!
नहीं बन जाता कोई अपनायूँ ही दिल लगाने से,करनी पड़ती है दुआ,सच्ता दोस्त पाने के लिए रब से,रखना संभालकर ये याराना अपना,टूट ना जाए ये किसी के बहकाने से
बातें करके रुला ना दीजियेगा,
यूं चुप रहके सज़ा ना दीजियेगा,
ना दे सके खुशी तो ग़म ही सही,
पर दोस्त बना के यूं भुला ना दीजियेगा।
उसके साथ रहते रहते हमे चाहत सी हो गयी,उससे बात करते करते हमे आदत सी हो गयी,एक पल भी न मिले तो न जाने बेचैनी सी रहती है,दोस्ती निभाते निभाते हमे मोहब्बत सी हो गयी!
जीवन मेंखुशियों कीकमी नहीं हैदोस्तो.....बस खुशियोंकोमनाने काअंदाज़ होना चाहिए !!