Dear Besties Suno
कितनी खुशनसीब हो तुम के तुम्हें
मुझ जैसी प्यारी और मासूम दोस्त मिली….
गुनाह करके सज़ा से डरते हैं, जहर पी के दवा से डरते हैं,
दुश्मनों के सितम का खौफ नहीं, हम तो दोस्तों की वफ़ा से डरते हैं |
Maangi thi jab humne dua rab se,Dena mujhe wo dost ho jo alag sabse,Usne hume mila diya aapse aur kahaSambhaalo inhe yeh anmol hai sab se
नहीं बन जाता कोई अपनायूँ ही दिल लगाने से,करनी पड़ती है दुआ,सच्ता दोस्त पाने के लिए रब से,रखना संभालकर ये याराना अपना,टूट ना जाए ये किसी के बहकाने से
ज़िंदगी नहीं हमे दोस्तों से प्यारी,दोस्तों पे हाज़िर है जान हमारी,आँखों में हमारी आसू है तो क्या,जान से भी प्यारी है मुस्कान तुम्हारी