राज़ ना हो अगर प्यार में तो वो प्यार कैसा, रूठना ना हो जहाँ पर वहाँ मनाना कैसा,प्यार करने वाला ही गुस्सा करता है, तकरार ना हो जिससे कभी वो यार कैसा। 💞😡🤗
राज़ ना हो अगर प्यार में तो वो प्यार कैसा,
रूठना ना हो जहाँ पर वहाँ मनाना कैसा,
प्यार करने वाला ही गुस्सा करता है,
तकरार ना हो जिससे कभी वो यार कैसा। 💞😡🤗
ये कैसा सरूर है तेरे इश्क का मेरे मेहरबाँ,
सँवर कर भी रहते हैं बिखरे बिखरे से हम!
Kitnaa khouf hota hai shaam ke andheroo mein,
Poonch un parindoo se jin ke ghar nahi hote.
Yeh Mat Samajh Tere Kabil Nahi Hain Hum,Tadap Rahe Hain Woh Jinhein Haasil Nahi Hain Hum.
Ye mout bi badi ajeeb chiz hei yaro…
Sala Ek Din Marne ke liye Puri Zindgi Jini padTi hey…