हजारो गम है सीने मे मगर शिकवा करें किससे… इधर दिल है तो अपना है… उधर तुम हो तो अपने हो…
सुना है, खुदा के दरबार से कुछ फ़रिश्ते फरार हो गए,
कुछ तो वापस चले गए, और कुछ हमारे यार हो गए
लिपट जाओ एक बार फिर गले हमारे,
कोई दीवार न रहे बीच हमारे तुम्हारे,
लिपट जाती जरूर अगर ज़माने का दर न होता,
बसा लेती मैं तुमको अगर सीने में कोई घर होता..
प्रयास करने वाला इंसान एक बार गिरता है
लेकिन प्रयास ना करने वाले लोग जीवन भर गिरते रहते हैं
आज की होली में आपके सब दुख दर्द जल जाएं
कल की रंगपंचमी के सारे रंग आपके जीवन को खुशियों से भर जाएं
हैप्पी होली