Work helps you forget about pain
लिखना था की खुश हूँ तेरेबिना पर आंसू ही गिर पड़े आँखों से लिखने से पहले।
हालात से ख़ौफ़ खा रहा हूँशीशे के महल बना रहा हूँ
अमर वही इंसान होते हैं
जो दुनियां को कुछ देकर जाते हैं
जिंदगी में तपिश कितनी भी हो कभी हताश मत होना
क्योंकि धूप कितनी भी तेज हो समंदर कभी सूखा नहीं करते