ख़्वाब टूटे हैं मगर हौंसले ज़िन्दा हैंहम वो हैं जहॉ मुश्किलें शर्मिदा हैं…!!
ख़्वाब टूटे हैं मगर हौंसले ज़िन्दा हैं
हम वो हैं जहॉ मुश्किलें शर्मिदा हैं…!!
सीतल-सीतल वायु चली,
आकाश हुआ सुहाना,
अनपढ़ भी व्हाट्सऐप पढ़ने लगे,
शिक्षित हुआ ज़माना....
Humne to khud se inteqam lia ,
Tumne kya soch kar humse mohabbat ki?
चलो आज खामोश प्यार को इक नाम दे दें,अपनी मुहब्बत को इक प्यारा अंज़ाम दे देंइससे पहले कहीं रूठ न जाएँ मौसम अपने धड़कते हुएअरमानों एक सुरमई शाम दे दें !
ये मुझे चैन क्यों नहीं पड़ता ,
एक ही शख्स था क्या पुरे जहान में .....
मैं उसका हूँ, यह तो मैं जान गया हों लेकिन,
वह किस का है, ये सवाल मुझे सोने नहीं देता......