जितना खुबसूरत ये सुबह है
उतना खुबसुरत हो आपका पल
यादगार हो जाये वो सपना
जिस सपने को आप देखो कल
Good Morning
सृष्टि का एक नियम हैं
जो बांटोंगे
वही आपके पास
बेहिसाब होगा
फिर वह चाहे
धन हो , अन्न हो
सम्मान हो , अपमान हो
नफरत हो
या
प्रेम
सु-प्रभात
मुझे नहीं पता ऊपर वाले ने
तकदीर में क्या लिखा है,
जब मुस्कुराते है मेरे पापा मुझे देख कर
समझ जाता हूँ कि मेरी तकदीर बुलंद है।
Hum toh fanaah ho gaye uski ankhen dekh kar Ghalib,Na jane woh Aaina kaise dekhte honge.
आकाश से ऊँचा कौन – पिता
धरती से बड़ा कौन – माता