ऐ सुबह तू जब भी आना ….
शीयों की सौगात अपने संग लाना
मिट जाए रात काली गम की…
रंग जीवन में सबके कोई ऐसा जमाना
सुप्रभात – शुभदिन
रास्ते खुद ही तबाही के निकाले हम ने,कर दिया दिल किसी पत्थर के हवाले हमने,हाँ मालूम है क्या चीज़ हैं मोहब्बत यारो,अपना ही घर जला कर देखें हैं उजाले हमने।
वो दिल ही क्या जो वफ़ा ना करे,
तुझे भूल कर जिएं कभी खुदा ना करे,
रहेगी तेरी दोस्ती मेरी जिंदगी बन कर,
वो बात और है, अगर जिंदगी वफ़ा ना करे
Chhed Aati Hain Kabhi Lab Ko Kabhi Rukhsaro Ko,
Tumne Zulfon Ko Bahut Sar Chada Rakha Hai.
Na Samajh Sakoge Qayamat Tak Jise Tum,,
Qasam tumhari tumhen itna pyar karte hain..