गर्मी-ए-हसरत-ए-नाकाम से जल जाते हैं,
हम चिरागों की तरह शाम से जल जाते हैं,
शमा जिस आग में जलती है नुमाइश के लिए,
हम उसी आग में गुमनाम से जल जाते हैं,
जब भी आता है तेरा नाम मेरे नाम के साथ,
जाने क्यूँ लोग मेरे नाम से जल जाते हैं।
सदा दूर रहो गम की परछाई से
सपना न हो कभी तन्हाइयों से
हर अरमान हर ख़्वाब पूरा हो आपका
यही दुआ है दिल की गहराइयों से
HAPPY NEW YEAR 2021
उन को चाहना मेरी मोहब्बत है उन्हें कह न पाना मेरी मजबूरी है वो खुद क्यों नही समझता मेरे दिल की बात को क्या प्यार का इज़हार करना ज़रूरी है
चारो तरफ हो खुशियाँ ही खुशियाँ,
मीठी पूरनपोली और गुजियां ही गुजियां
द्वारे सजती सुंदर रंगोली की सौगात
आसमान में हर तरफ पतंगों की बरात
सभी का शुभ हो नव वर्ष हर बार
मैं लव हूँ पर मेरी बात तुम हो,
और मैं तब हूँ जब मेरे साथ तुम हो।