अकाल मृत्यु वो मरे जो काम करे चांडाल का
काल भी उसका क्या करे जो भक्त हो महाकाल का
जय महाकाल
हैप्पी शिवरात्रि मित्रों
“तारीख हज़ार साल में बस इतनी सी बदली है,…
तब दौर पत्थर का था अब लोग पत्थर के हैं”….
Diye Hain Zindagi Ne Zaḳhm Aise;Ki Jin Ka Waqt Bhi Marham Nahin Hai!
दामाद 14 दिनों से ससुराल में था.
सास :- दामाद जी कब वापस जा रहे हो..दामाद :- क्योँ
सास :- बहुत दिन हो गये..दामाद :- आपकी बेटी तो छ: छ: महीने मेरे यहाँ रहती है..
सास :- वो तो वहाँ ब्याही गयी है..दामाद :- और मैं क्या यहाँ अपहरण करके लाया गया हूँ..
जिस्म से होने वाली मोहब्बत का इज़हार आसान होता है
रूह से हुई मोहब्बत समझने में ज़िन्दगी गुजर जाती है