पल्स पोलिओ टीम घर आयी…
संता (बीबी से): बंदूक और कारतुस कहाँ हैं…??
टीम भागी,
पीछे से संता ने आवाज दी,
रुको
ओये रुको
ये हमारे बच्चो के नाम हैं.!!
उम्र ने तलाशी ली, तो जेबों से लम्हे बरामद हुए..कुछ ग़म के, कुछ नम थे, कुछ टूटे, कुछ सही सलामत थे..
दिल्ली वाले ने उततर प्रदेश के लडके से पुछा यार..ये IPL में तुम्हारी उत्तर प्रदेश के टीम क्यों नहीं खेलेती…उत्तर प्रदेश वाला लडका :अबे सब क्रिकेट खेलेंगे तो सट्टा कौन खेलेगा रे....
चाँद की हद १ रात तक है,सूरज की हद सिर्फ दिन तक है,हम दोस्ती में दिन-रात नहीं देखते,क्यूंकि हमारी दोस्ती की हद आखरी साँस तक है
अब तुझे न सोचू तो, जिस्म टूटने-सा लगता है..
एक वक़्त गुजरा है तेरे नाम का नशा करते~करते !