तालीम नहीं दी जाती
परिंदो को उड़ानों की……..
वह तो खुद ही समझ
जाते हैं उच्चै आसमानो की…
एक बार एक पंजाबी U.P. गया,और वहां एक कुए में गिर गया…एक आदमी वहां से गुजरा और उसने पंजाबी के चिल्लाने की आवाज सुनी…U.P. वाला :- “अबे कौन है बे कुए के भीतर?”पंजाबी :- “ओ पाजी ! अस्सी हां”U.P. वाला :- अबे दो-चार होते तो निकाल भी देते…अब अस्सी को कौन निकाले…पडे रहो भीतर ही…
वो अपनी ज़िंदगी में हुआ मशरूफ इतना;
वो किस-किस को भूल गया उसे यह भी याद नहीं।
चेहरे पर हंसी छा जाती है,
आँखों में सुरूर आ जाता है,
जब तुम मुझे अपना कहते हो,
मुझे खुद पर गुरुर आ जाता है।
शिकवा भी होगा हमसे शिकायत भी होगी,
पर दोस्त से गिला किया नहीं करते।
हम अच्छे नहीं बुरे ही सही,
तुम्हें वैलेंटाइन मुबारक हो,
लेकिन हम जैसा दोस्त मिला नहीं करते।।