आँखों में मंज़िलें थी
गिरे और सँभालते रहे..
आँधियों में क्या दम था
चिराग हवा में भी जलते रहे…
ये वर्ष आपके लिए खुशियों का नगर हो,
क्या बखूबी हो हर एक खुशी आपकी अगर हो.
हर रात फुर्सत के नए गीत सुनाए,
लम्हों के लबों पे भी शबनम का असर हो.
दिल में इंतजार की लकीर छोड जायेगे॥
आँखों में यादो की नमी छोड जायेगे,
ढूंढ़ते फिरोगे हमें एक दिन ……..
जिन्दगी में एक दोस्त की कमी छोड जायेगे.
प्यार तो सब करते हैं पर हम जैसे नहीं
धोखा लोग देते हैं हम नहीं
एक बार प्यार करके तो देखो
हम सच्चे आंशिक हैं बेवफा नहीं
बिहार अकेली ऐसी जगह है जहाँ “टॉपर” दुबारा एग्जाम देता है.. बाकी जगह “सप्लीमेंट्री” वाले देते है..बिहार में बहार है …टॉपरे फरार है …