आँखों में मंज़िलें थी
गिरे और सँभालते रहे..
आँधियों में क्या दम था
चिराग हवा में भी जलते रहे…
माता-पिता अपनी बिटिया के लिए सुयोग्य वर खोजते समय दो बातों का ख्याल रखते हैं, एक तो लड़का खाते पीते घर का हो दूसरा वह पीता खाता न हो
Main Jo Chahu To Tod Du Naata Tumse
Par Mein Buzdil Hu
Maut Se Darr Lagta Hai …
वो एक रात जला……. तो उसे चिराग कह दिया !!!
हम बरसो से जल रहे है ! कोई तो खिताब दो .!!!
पत्नी : फोन पे इतनी धीमी आवाज में किससे बात कर रहे हो ?
पती : बहन है..
पत्नी : तो फिर इतनी धीमी आवाज में किस लिए ?
पती : तेरी है, इस लिए..