कैसे करुं बयाँ मै खुबसुरती उसकी,
मेने तो उसे बिना देखे ही प्यार किया है।
सोचता हु हर कागज पे तेरी तारीफ करु,
फिर खयाल आया कहीँ पढ़ने वाला भी तेरा दीवाना ना हो जाए।
खूबसूरती की तारीफ तो हर कोई करता है.कोई दिल की तारीफ भी करे तो मै जानू.
मै तुम्हारी तारीफ के किस्से रोज लिखता हूँ.तेरी खूबसूरती बताने के लिए.एक किताब लिखता हूँ.
तेरी आँखों के खूबसूरती में डूब जाऊ मै.धीरे धीरे तेरी तारीफ करता चला जाऊ मै.
लफ्ज़ क्या बयां करेंगे खूबसूरती उनकी,
जिनके ज़िक्र से ही खूबसूरती बयां हो जाए।