निंदा उसी की होती हैं जो ज़िन्दा हैं,
मरने के बाद तो सिर्फ तारीफ़ होती हैं.
"कठोर परिश्रम कभी भी विफल नहीं होता ।"
"कभी कभी किसी की जुनून को देख कर
अपने आप में भी जुनून आ जाता है I"
वो बुलंदी किस काम की जनाब…
इंसान चढ़े और इंसानियत उतर जाये।
Remember...
Where you are now
is not where you will
always be. Better
days are ahead.