उसने कहा हम उम्र में बड़े है तुमसे !!
हमने कहा आप प्यार ज़्यादा कर लेना !!
हटाओ हाथ आंखों से,
ये तुम हो जानता हूं, मैं।
तुम्हें खुशबू नहीं,
आहट से भी पहचानता हूं, मैं।
अब हम न तुम्हे खोना चाहते हैं,
अब न तुम्हारी यादों में रोना चाहतें हैं,
बस तुम्हारा साथ मिले हमे हर पल,
अब बस इतनी सी बात तुमसे कहना चाहते हैं।
मंजिल पास में ही होती है |
हम राश्ते भटक जाते है |
मंजिल बदलने से अच्छा राश्ते बादलो |
कामियाबी पास में होगी |
⇒⇒ सकूं कहाँ ढूँढे इस जहान में!
क्यूंकि लोग दिल से भी दिमाग का काम लेते हैं!!
कागजों पे लिख कर जाया कर दूं,
मैं वो शख्स नहीं।
वो शायर हूं, जिसे दिलों पे
लिखने का हुनर आता है।