बहुत मुश्किल से करता हूँ तेरी यादों का कारोबारमुनाफा कम है पर गुज़ारा हो ही जाता है
वो शायद मतलब से मिलते हैं,
मुझे तो मिलने से मतलब है.!
Ho Jaun Itna Madhosh Tere Pyar Mai
Ke Hosh Bhi Aane Ki Ijaazat Maange..
किसी भी मुशकिल का अब किसी को हल नही मिलता ,
शायद अब घर से कोई माँ के पैर छूकर नही निकलता
Dafan Karna Mujhe Apni Ankhon Me….
Ye Meri Aakhri Wasiyat Hai..!!