मुझे नशे के लिए शराब नहीं चाहिए,बस तेरा आँखों में डूबना ही काफी है lअब दिन-रात बहका फिरता हूँ नशे में,मोह्हबत में यूँ डूबना ही काफी है l
Wo awaaz jo waqt ke dhalne se, Dhaltee nahin,
Wo chain-o-sukun, Jo kisi ibadat mein milti nahin,
Suron mein jashn aisi,Jo jalwon mein dikhti nahin,
Na sune inke naghme, Subah-shaam dhalti nahin,
Rooh ki pyaas itnee, Jo is dard-e-dil se mitti nahin..
हर सुबह आपको असल दें, हर फूल आपको मुस्कान दें,
हाँ दुआ करते हैं कि खुदा आपको नए सवेरे के साथ,
कामयाबी का नया आस्मां दे….
उसने पूछा सबसे ज्यादा क्या पसंद है तुम्हे
मैं बहुत देर तक देखता रहा उसे
बस ये सोचकर कि
खुद जवाब होकर उसने सवाल क्यूँ किया…!!
वो दिल ही क्या जो तुझसे मिलने की दुआ न करे,
ए सनम.......
में तुझको भूल कर जिन्दा रह सकूं ऐसा रब्ब न करे.