छोड़ ज़माने का चिंता,तुझ में लिपट जाने को दिल करता हैlरोक जाये ये पल,तुझ में सिमट जाने को दिल करता है l
क्यों मरते हो यारो सनम के लिए,ना देगी दुप्पटा कफ़न के लिए,मरना है तो मारो वतन के लिए,तिरंगा तो मिलेगा कफ़न के लिए.
Labo se tut gaye guftagu ke sab rishte
wo dekhta hei to bas dekhta hi rahta hei..
उसी का शहर, वही मुद्दई, वही मुंसिफ
हमीं यकीन था, हमारा कुसूर निकलेगा
यकीन न आये तो एक बार पूछ कर देखो
जो हंस रहा है वोह ज़ख्मों से चूर निकलेगा
हर नया साल आएगा
हर पुराना साल जाएगा
पर तेरा यह यार तुझको
कभी भुल ना पाएगा
नए साल की हार्दिक शुभकामनाएं।
Happy New Year 2021