लाल रंग की चुनरी से सजा माँ का दरबार,
हर्षित हुआ मन, पुलकित हुआ संसार,
नन्हें-नन्हें क़दमों से माँ आए आपके द्वार…..
इस नवरात्रि यही हैं हमारी दुआ…
“जय माता दी” हैप्पी नवरात्रि
मंजिले आसान सारे मुस्किले वे नूर हो !
दिल की जो हो तम्मना वो हमेशा दूर हो !!
लब पे लब की बात हो, खुशियों में सिमटी जिन्दगी !
गम भरी पारछाइया आँचल से लाखो दूर हो !!
नज़रें मिल जाएं तो प्यार हो जाता है,
पलकें उठ जाएं तो इज़हार हो जाता है,
ना जाने क्या कशिश है आपकी चाहत में,
कि कोई अनजान भी...
Mai To Chirag Hu Tere Aashiyane Ka
Kabhi Na Kabhi To Bujh Jaunga
Aaj Shikayat Hai Tujhe Mere Ujaale Se
Kal Andhere Mein Bahot Yaad Aaunga…
“अपनों को याद करना प्यार हैं,
गैरों का साथ देना संस्कार हैं,
दुश्मनो को माफ करना उपकार हैं,
और आप जैसे दोस्तों को परेसान करना जन्मसिद्ध अधिकार हैं.”