शक्ति जीवन है, निर्बलता मृत्यु हैं. विस्तार जीवन है, संकुचन मृत्यु हैं. प्रेम जीवन है, द्वेष मृत्यु हैं.
ईश्वर हर जगह नहीं हो सकते
इसलिए उन्होंने माँ को बनाया
मुझे नहीं पता ऊपर वाले ने
तकदीर में क्या लिखा है,
जब मुस्कुराते है मेरे पापा मुझे देख कर
समझ जाता हूँ कि मेरी तकदीर बुलंद है।
ज़िन्दगी के हाथ नहीं होते..
लेकिन कभी कभी वो ऐसा थप्पड़ मारती हैं जो पूरी उम्र याद रहता हैं.
हर विश्वास में विश्वास रहने दो,
जुबान पर मिठास रहने दो,
यही तो अंदाज़ है ज़िन्दगी का,
ना खुद रहो उदास, ना दूसरों को रहने दो…