शुभचिंतक वो नही होते जो आपसे रोज़ मिलें और बातें करें...
शुभचिंतक वो है जो आपसे रोज़ ना भी मिल सकें
फिर भी आपकी ख़ुशी के लिए प्रार्थना करें...
सुप्रभात
ऐ हसीन चाँद मेरे दोस्त को एक तोहफा देना,
लाखो तारों की सजी महेफिल संग रोशनी करना,
तुम छुपा लेना अँधेरे को ऐसे,
हर रात के बाद एक खुबसूरत सँवेरा देना.
सुबह का उजाला सदा आपके साथ हो,
हर दिन हर पल आपके लिए खास हो,
दिल से दुआ निकलती है..
आपके लिए.. सारी खुशियां आपके पास हो! 🌞✨
Good Morning
जब हम गलत होते हैं,
तो समझौता चाहते हैं
और दूसरे गलत होते हैं...तो
हम न्याय चाहते हैं।
भूल होना प्रकृति है,
मान लेना संस्कृति है,
और सुधार लेना प्रगति है।