सर्दियों का एक स्पेशल मैजिक ट्रिक
सुब्हे 7 बजे उठे और एक लम्बी अंगड़ाई ले
और फिर 5 मिनिट के लिए फिरसे सो जाए,
जब आप 5 मिनिट होने के बाद उठेंगे तो
9 बज गए होंगे
तूने रुख से नक़ाब क्या उठाया,
कम्बखत दिल मुँह को होने लगा,
शर्मा कर , सितारे हैं छुपने लगे,
महताब बादलों से जो निकलने लगा
बड़ी हिम्मत दी उसकी जुदाई ने ना अब किसी को खोने का दुःख ना किसी को पाने की चाह।
वतन हमारा ऐसा कोई न छोड़ पाये,रिश्ता हमारा ऐसा कोई न तोड़ पाये,दिल एक है एक है जान हमारी,हिंदुस्तान हमारा है हम इसकी शान है.
आ गया है फर्क तुम्हारी नजरों में यकीनन…
अब एक खास अंदाज़ से नजर अंदाज़ करते हो हमे…