सुनो आशिकों! दिल के मरीज के लिए चिकनाई मना है और तुम फिर से 'उनकी' चिकनी चुपड़ी बातों में आ रहे हो।
ये वक़्त बेवक़्त मेरे ख्यालों
में आने की आदत छोड़ दो तुम,
कसूर तुम्हारा होता है और
लोग मुझे आवारा समझते हैं
दिल दिया था जिसको दीवानी समझ कर,खा गयी वो ब्रियानी समझ कर,एक कतरा भी ना छोड़ा खून का,पी गयी उसको भी निम्बू पानी समझ कर ||
उसी का शहर, वही मुद्दई, वही मुंसिफ
हमीं यकीन था, हमारा कुसूर निकलेगा
यकीन न आये तो एक बार पूछ कर देखो
जो हंस रहा है वोह ज़ख्मों से चूर निकलेगा
तूफानी बारिश आधी रात
एक आदमी Pizza Hut से पिज़्ज़ा लेने गया
पिज़्ज़ावाला:- आप शादीशुदा हो ??
आदमी:- साले, ऐसे तूफान में कौनसी माँ अपने बेटे को पिज़्ज़ा लाने भेजेगी..
😂😂😂😂😂😂😂