प्यार में बेवफाई मिले तो गम न करना;
अपनी आँखे किसी के लिए नम न करना;
वो चाहे लाख नफरते करें तुमसे;
पर तुम अपना प्यार कभी उसके लिए कम न करना।
शायर तो हम
“दिल” से है….
कमबख्त “दिमाग” ने
व्यापारी बना दिया.
Wo Bhi Din They Jab Hum Bhi Piya Karte They, Yuun Na Karo Hamse Pine Pilane Ki Baat, Jitni Tumhare Jaam Mein Hai Sharab, Utni Hum Paimane Mein Chod Diya Karte They.
इस दिल को किसी की आस रहती है,
निगाहों को किसी सूरत की प्यास रहती है,
तेरे बिना किसी चीज़ की कमी तो नही,
पर तेरे बेगैर जिन्दगी बड़ी उदास रहती है..