“जो लड़की आपकी बात सुन कर,
आपको पागल कहती है ना वही
आपसे सच्ची मोहब्बत करती है।”
तेरे रुखसार पर ढले हैं मेरी शाम के किस्से,
खामोशी से माँगी हुई मोहब्बत की दुआ हो तुम
चेहरे पर हंसी छा जाती है,
आँखों में सुरूर आ जाता है,
जब तुम मुझे अपना कहते हो,
मुझे खुद पर गुरुर आ जाता है।
Diye Hain Zindagi Ne Zaḳhm Aise;Ki Jin Ka Waqt Bhi Marham Nahin Hai!
Tum Mujhe Kabhi Dil Se Kabhi Aankhon Se Pukaaro,
Yeh Hontho Ke Takalluf Toh Zamaane Ke Liye Hain.